BREAKING :

11 दिन बंधक बनाकर विवाहिता से गैंगरेप, पुलिस ने पहले FIR नहीं लिखी – Alwar Ki Mahila Ne Kaha

On: July 18, 2025 5:32 PM
Follow Us:
Alwar gangrape case news 2025

11 Din Tak Bandhak Banakar Gangrape, Alwar Ki Mahila Ne Kaha – FIR Bhi Nahi Likhi Police Ne

स्थान: अलवर, राजस्थान | तारीख: 2 जून 2025

राजस्थान के अलवर जिले से एक दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है, जहाँ एक विवाहिता ने आरोप लगाया है कि उसे 11 दिनों तक बंधक बनाकर सामूहिक दुष्कर्म (Gangrape) का शिकार बनाया गया। यह घटना बगड़ तिराया थाना क्षेत्र की बताई जा रही है, जो अब पूरे राज्य में चर्चा का विषय बन चुकी है।

पूरा मामला क्या है?

पीड़िता ने बताया कि 7 आरोपियों ने उसे अगवा कर 11 दिनों तक बंधक बनाकर रखा और अलग-अलग स्थानों पर, यहां तक कि चलती कार में भी उसके साथ दुष्कर्म किया। आरोपियों ने इस दौरान पीड़िता को जान से मारने और रेप का वीडियो वायरल करने की धमकी भी दी।

घटना कब और कहां की है?

यह पूरा मामला बगड़ तिराया थाना क्षेत्र, जिला अलवर का है। घटना की शुरुआत मई 2025 के अंतिम सप्ताह में हुई और पीड़िता को 11 दिनों तक लगातार प्रताड़ित किया गया।

FIR में देरी क्यों हुई?

पीड़िता और उसके परिजनों का आरोप है कि उन्होंने स्थानीय पुलिस स्टेशन में कई बार गुहार लगाई, लेकिन पुलिस ने उनकी FIR दर्ज नहीं की। बाद में जब मामला गंभीर होता गया, तब परिजनों ने न्यायालय का सहारा लिया। कोर्ट के आदेश पर 2 जून 2025 को मामला दर्ज हुआ।

जांच किसके पास है?

फिलहाल इस मामले की जांच की जिम्मेदारी रामगढ़ के डीएसपी को सौंपी गई है। पुलिस का कहना है कि आरोपियों की तलाश की जा रही है, लेकिन अभी तक कोई गिरफ्तारी नहीं हो पाई है।

सोशल मीडिया पर कैसा है रिएक्शन?

जैसे ही यह मामला सामने आया, सोशल मीडिया पर लोगों में भारी गुस्सा देखा गया। #JusticeForVictim, #AlwarGangrape, #RajasthanPoliceFail जैसे हैशटैग ट्रेंड करने लगे। लोगों ने FIR में देरी को लेकर पुलिस प्रशासन की आलोचना की।

क्या कह रही है पुलिस?

स्थानीय पुलिस ने शुरुआत में FIR ना लिखने की बात को नकार दिया, लेकिन कोर्ट ऑर्डर के बाद मामला दर्ज करना यह संकेत देता है कि शुरू में लापरवाही बरती गई थी। रामगढ़ डीएसपी ने मीडिया को बताया कि मामले की हर एंगल से जांच हो रही है और आरोपियों की तलाश जारी है।

इस घटना का सामाजिक प्रभाव

इस घटना ने एक बार फिर महिलाओं की सुरक्षा और पुलिस की निष्क्रियता पर सवाल खड़े कर दिए हैं। जहां एक तरफ रेप जैसे अपराधों पर सख्त कानून हैं, वहीं FIR दर्ज करने में भी पुलिस को कोर्ट के आदेश की जरूरत पड़ रही है, यह बेहद चिंताजनक है।

निष्कर्ष

अलवर की इस घटना ने न केवल इंसानियत को शर्मसार किया है, बल्कि सिस्टम की कमजोरियों को भी उजागर किया है। यह जरूरी है कि पीड़िता को जल्द न्याय मिले और सभी आरोपी सलाखों के पीछे जाएं। पुलिस को भी इस मामले से सबक लेकर महिलाओं की शिकायतों को गंभीरता से लेना चाहिए।


⚠️ Disclaimer:

यह लेख केवल सूचना और जनजागरूकता के उद्देश्य से लिखा गया है। इसमें वर्णित सभी तथ्य सार्वजनिक समाचार स्रोतों पर आधारित हैं। हम किसी भी व्यक्ति, संस्था या समूह को दोषी ठहराने या समर्थन देने का दावा नहीं करते।

Source: AajTak News | 2 June 2025

Naveen Prakash is the Editor of Nayi News Today, covering Hindi breaking news, national updates, local news, trending stories, public-interest reports, and digital media updates. He has experience in Hindi digital news writing, editorial research, source-based reporting, headline optimization, and timely news publishing. His work focuses on clear, accurate, and reader-friendly news coverage for Hindi audiences.

Join WhatsApp

Join Now

Follow Instagram

Follow Now

Leave a Comment